आपने कभी गौर किया है कि कुछ चेहरे सिनेमा के पर्दे पर आते ही दर्शकों के चेहरे पर एक मुस्कान, एक सहज विश्वास पैदा कर […]
Archives
Raj Nartaki (1940): दरबारी नर्तकी के इश्क़, धर्म और त्याग की अनसुनी दास्तान
क्लासिक भारतीय फिल्मों पर वर्षों से रिसर्च‑बेस्ड रिव्यू लिखते हुए “Raj Nartaki (1940)” हमेशा उन टाइटल्स में गिना गया है, जिन्हें ज़्यादातर दर्शक नाम से […]
Tokyo Story 1953 – खामोश फ्रेम्स में छिपी ज़िंदगी की पूरी कहानी
क्लासिक वर्ल्ड सिनेमा पर कई सालों से लिखते हुए हमेशा यह महसूस हुआ है कि कुछ फिल्में “स्टोरी” से ज़्यादा “अनुभव” होती हैं। जापानी निर्देशक यासुजिरो […]
हॉलीवुड का स्वर्ण युग: 1920 के दशक के प्रसिद्ध कलाकार और उनकी आइकॉनिक भूमिकाएँ
1920 का दशक हॉलीवुड के लिए वह समय था जब सिनेमा ने वाकई “ड्रीम फैक्ट्री” का रूप लेना शुरू किया और सितारों ने देवताओं जैसी […]
जब शंघाई बना एशिया का हॉलीवुड: 1930s के चीनी सिनेमा का सुनहरा दौर
1930 के दशक में शंघाई सिर्फ़ एक बंदरगाह शहर नहीं था, बल्कि एशिया का ऐसा सांस्कृतिक हब था जिसे उस समय “Chinese Hollywood” या “Hollywood […]
“Crows and Sparrows Review: कैसे इस फिल्म ने चीन के बदलते दौर को दिखाया?”
“Crows and Sparrows (乌鸦与麻雀)” 1949 की एक चीनी फ़िल्म है, जिसे निर्देशक झेंग जुनली (Zheng Junli) ने बनाया और यह शंघाई की एक पुरानी इमारत […]
साइलेंट सिनेमा के मास्टर्स: चार्ली चैपलिन और बस्टर कीटन की प्रोडक्शन स्टाइल में छिपे राज़
साइलेंट सिनेमा की बात हो और चार्ली चैपलिन व बस्टर कीटन का नाम न आए, ऐसा लगभग नामुमकिन है। चैपलिन की इमोशनल कॉमेडी और कीटन […]
दुनिया दोस्ती पर क्यों फिदा है? बॉलीवुड की timeless friendship कहानियाँ
दोस्ती की कहानियों पर दुनिया इसलिए फिदा है क्योंकि इंसान की सबसे गहरी जरूरत “किसी का अपना होना” है – और बॉलीवुड ने दशकों से […]
ओड़िया सिनेमा की जड़ें: 1936 की पहली फिल्म ‘सीता विवाह’ से आज तक का सफर
ओड़िया सिनेमा की कहानी 1936 में बनी पहली फिल्म ‘सीता विवाह’ से शुरू होती है और आज तक यह यात्रा संघर्ष, पहचान, रचनात्मकता और नए […]
यहूदी 1958: एक ऐतिहासिक महाकाव्य जो प्रेम और सहिष्णुता की अमर गाथा है
बॉलीवुड के स्वर्णिम दौर की बात हो और 1958 का ज़िक्र न आए, ऐसा हो ही नहीं सकता। यह वह दौर था जब पर्दे पर […]